रायपुर/महेंद्र कुमार साहू (9907630081)। Good News : छत्तीसगढ़ के शासकीय स्कूलों में पढ़ने वाले विद्यार्थियों के लिए अच्छी खबर आ रही है। शिक्षा के माहौल के साथ-साथ पहनावे में भी नया बदलाव देखने को मिलने वाला है। निजी स्कूलों की तर्ज पर शासकीय स्कूलों के बच्चों को आधुनिक और कलरफुल गणवेश उपलब्ध कराने की तैयारी विभाग ने पूरी कर ली है। इसके तहत राज्य सरकार पहली से आठवीं तक बच्चों को नई गणवेश उपलब्ध कराने जा रही है। नई गणवेश में ग्रे कलर का पैंट और रॉयल ब्लू कलर का चैक्ड शर्ट तैयार किया जा रहा है। इस योजना के क्रियान्वयन की जिम्मेदारी शिक्षा विभाग ने हाथकरघा एवं वस्त्र विभाग को दिया है।

प्राप्त जानकारी के अनुसार, इस योजना की शुरूआत पिछले शैक्षणिक सत्र में सरगुजा और बिलासपुर संभाग से की गई थी, जहां नए डिजाइन के गणवेश वितरित किए गए। वहां से मिले सकारात्मक रूझान के बाद सरकार ने निर्णय लिया है कि आगामी शिक्षण सत्र से प्रदेश के सभी संभागों में नए कलरफुल गणवेश वितरित किए जाएंगे। इसके लिए हाथकरघा विभाग को लगभग 58 लाख गणवेश तैयार करने का लक्ष्य दिया गया है, जो अब तक के सबसे बड़े वितरण अभियानों में से एक माना जा रहा है।
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Good News : योजना का सबसे महत्वपूर्ण पक्ष यह है कि इससे प्रदेश के स्व सहायता समूहों को प्रत्यक्ष रूप से लाभ मिलेगा। वर्तमान में हाथकरघा विभाग के अंतर्गत करीब 2000 स्व सहायता समूह पंजीबद्ध हैं। इन्हीं समूहों को शासकीय स्कूलों के गणवेश की सिलाई का कार्य सौंपा गया है, जिससे स्थानीय स्तर पर रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे।
विभागीय निर्देशों के मुताबिक, पहले से पंजीकृत पुराने स्व सहायता समूहों को 1000 ड्रेस तैयार करने की जिम्मेदारी दी जाएगी, जबकि नए पंजीकृत समूहों को प्रारंभिक चरण में 500 ड्रेस बनाने का लक्ष्य सौंपा गया है। यदि नए समूह निर्धारित समय सीमा में गुणवत्ता के साथ पहला आॅर्डर पूरा कर लते हैं, तो दोबारा उनकी उत्पादन सीमा बढ़ाई जा सकती है।
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Good News : इस योजना से जहां एक ओर शासकीय स्कूलों के विद्यार्थियों को बेहतर, आकर्षक और समान स्तर का गणवेश मिलेगा, वहीं दूसरी ओर ग्रामीण व शहरी क्षेत्रों की महिलाओं से जुड़े स्व सहायता समूहों को आर्थिक सशक्तिकरण का अवसर प्राप्त होगा। शिक्षा, रोजगार और स्थानीय उत्पादन को एक साथ जोड़ने वाली यह पहल राज्य सरकार की दूरदर्शी सोच को दर्शाता है।







